- हर घर तिरंगा अभियान-2026 के तहत भव्य तिरंगा मेले का आयोजन
- विद्यार्थियों ने मानव श्रृंखला बनाकर जलस्रोतों को स्वच्छ एवं संरक्षित रखने का लिया संकल्प
- नशामुक्त भारत अभियान के तहत पुलिसकर्मियो को दिलाई गई शपथ
- योजनाओं से आच्छादित कर बच्चों एवं श्रमिक परिवारों को दिलाएं लाभ- जिलाधिकारी
- रेल उपरिगामी सेतु निर्माण कार्य में आ रही बाधाओं को करें दूर- जिलाधिकारी
- हर घर तिरंगा अभियान के तहत भव्य तिरंगा म्यूजिकल कंसर्ट का हुआ आयोजन
- राजस्थान स्टेट इनोवेशन हब: IIT मद्रास रिसर्च पार्क की तर्ज पर बनेगा उत्कृष्टता केंद्र, मुख्य सचिव ने दिए विस्तृत कार्ययोजना के निर्देश
- जैतारण में गूंजा राष्ट्रप्रेम: 100 मीटर लंबे तिरंगे के साथ निकली भव्य तिरंगा रैली, उमड़ा जनसैलाब
Author: anandchoudhary
एसोसिएशन ऑफ इंडियन फोर्जिंग इंडस्ट्री (एआईएफआई) ने पूर्वी भारत में अपना विस्तार करते हुए ऊर्जा दक्षता, स्मार्ट फोर्जिंग प्रौद्योगिकियों और उन्नत विनिर्माण समाधानों पर जमशेदपुर में विशेष सत्र आयोजित किया। जमशेदपुर, (16 जून) भारत के फोर्जिंग उद्योग का प्रतिनिधित्व करने वाली शीर्ष संस्था एसोसिएशन ऑफ इंडियन फोर्जिंग इंडस्ट्री (एआईएफआई) ने हाल ही में जमशेदपुर में एक महत्वपूर्ण विशेष सत्र का आयोजन किया, जिसके माध्यम से संगठन ने पूर्वी भारत में अपनी उपस्थिति को और सुदृढ़ किया। ज्ञान-केंद्रित इस कार्यक्रम में फोर्जिंग उद्योग जगत के लीडर्स और विशेषज्ञ पेशेवर, तकनीकी विशेषज्ञों तथा फोर्जिंग क्षेत्र के पेशेवरों ने भाग लिया और इस…
प्रधानमंत्री मोदी, 2026 के अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर कोलकाता से वैश्विक योग अभियान का नेतृत्व करेंगे
स्वस्थ आयु के लिए योग, पीढ़ियों के स्वास्थ्य, गरिमा और कल्याण के लिए एक वैश्विक आह्वान करते हुए, कोलकाता के ऐतिहासिक रेड रोड पर 21 जून को 12वां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस समारोह आयोजित किया जाएगा।अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 से पहले 4 लाख से अधिक प्रतिभागियों ने गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया है। 21 जून को विश्व भर में 2,500 स्थानों पर समारोह आयोजित किए जाएंगे। नई दिल्ली: आयुष मंत्रालय ने नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय मीडिया केंद्र में 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) के लिए कर्टन रेजर कार्यक्रम आयोजित किया गया, साथ ही अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 की ओर अग्रसर राष्ट्रव्यापी और…
अंतरिक्ष क्षेत्र में अभूतपूर्व वृद्धि देखी गई, 10 अरब डॉलर से 190 अरब डॉलर तक पहुंची जैव-अर्थव्यवस्था, अंतरिक्ष स्टार्टअप एकल अंक से बढ़कर 400 से अधिक हुई। 8 अरब डॉलर की अंतरिक्ष अर्थव्यवस्था के 45 अरब डॉलर तक पहुंचने का अनुमान। मौसम रडारों की संख्या 17 से बढ़कर 50 हुई, 50 और की योजना, 12 वर्षों में बदला मौसम पूर्वानुमान का चेहरा। चंद्रयान-3 और कोविड वैक्सीन जैसी सफलता की कहानियों ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत के विज्ञान और प्रौद्योगिकी इकोसिस्टम को एक वैश्विक शक्ति के रूप में स्थापित किया है : डॉ. जितेंद्र सिंह। नई दिल्ली: केन्द्रीय विज्ञान…
नई दिल्ली: रेलवे ने रेल सुरक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, गुजरात के पश्चिमी रेलवे के अहमदाबाद डिवीजन के 48 ब्लॉक खंडों में फैले 598 किलोमीटर मार्ग पर कवच परियोजना के चौथे चरण को मंजूरी दी है। इस परियोजना को रेलवे मार्गों पर लॉन्ग टर्म इवोल्यूशन (एलटीई) आधारित संचार तकनीक के साथ कवच उपलब्ध कराने के लिए बनाए गए व्यापक कार्यक्रम के अंतर्गत 140 करोड़ रुपये की लागत से स्वीकृत किया गया है। इससे पहले, अहमदाबाद डिवीजन के लगभग 702 किलोमीटर मार्ग पर कवच के लिए पहले ही स्वीकृति दी जा चुकी है। वर्तमान…
नई दिल्ली: केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने वस्त्र मंत्रालय की पिछले 12 वर्षों की उपलब्धियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में भारत के वस्त्र और परिधान क्षेत्र में उल्लेखनीय बदलाव आया है और यह वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी, नवाचार-आधारित तथा बड़े पैमाने पर रोजगार का सृजन करने वाले उद्योग के रूप में उभरा है। मीडिया को संबोधित करते हुए गिरिराज सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री के 5 एफ विज़न, फार्म से फाइबर, फाइबर से फैक्ट्री, फैक्ट्री से फैशन और फैशन से फॉरेन के मार्गदर्शन में यह क्षेत्र मजबूत तथा किसानों, निर्माताओं, बुनकरों, कारीगरों…
भारतीय डाक कर्मचारी महासंघ ने, कर्मचारियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों और विभागीय नीतियों के संबंध में अपनी चिंताओं को सामने रखते हुए राष्ट्रव्यापी आंदोलन की घोषणा की है। 20 जुलाई से शुरू होगा चरणबद्ध संघर्ष, 18 अगस्त से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी। रेल डाक सेवा बहाल करने और रिक्त पद भरने की मांग के अलावा परामर्शदाता संस्थाओं की सिफारिशों के जरिए निजीकरण का आरोप। नई दिल्ली। भारतीय डाक कर्मचारी महासंघ ने कर्मचारियों से जुड़े विभिन्न मुद्दों और विभागीय नीतियों के संबंध में अपनी चिंताओं को सामने रखते हुए राष्ट्रव्यापी आंदोलन की घोषणा की है। महासंघ के महासचिव अनंत कुमार पाल…
उपराष्ट्रपति ने कहा “लेखापरीक्षा राज्य और नागरिकों के बीच विश्वास को मजबूत करके लोकतंत्र को सशक्त बनाती है। लेखापरीक्षा में स्वयं सत्यनिष्ठा और नैतिक आचरण के उच्चतम मानकों का पालन होना चाहिए।नैतिकता और लेखापरीक्षा मिलकर शासन में परिवर्तन ला सकते हैं।” नई दिल्ली: उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने विगत दिनों उपराष्ट्रपति भवन में आयोजित एक समारोह में भारत के पूर्व नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक विनोद राय द्वारा संपादित पुस्तक “व्हेन ऑडिट मैटर्स: सीएजी इंटरवेंशन्स दैट मेड ए डिफरेंस” का विमोचन किया। उपराष्ट्रपति ने इस अवसर पर लेखापरीक्षा को “लोकतंत्र को मजबूत करने का एक महत्वपूर्ण साधन” बताया और कहा कि यह…
राष्ट्रीय मसीही परिषद ने दलितों और अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा के लिए अभियान तेज करते हुए, न्यायमूर्ति के.जी. बालकृष्णन को सौंपे 1.03 लाख हस्ताक्षर। नई दिल्ली में प्रेस वार्ता कर राष्ट्रपति आदेश, 1950 को संविधान की भावना के विपरीत बताया। नई दिल्ली। धार्मिक स्वतंत्रता और दलित-अल्पसंख्यक समुदायों के अधिकारों के लिए संघर्षरत संगठन ‘राष्ट्रीय मसीही परिषद’ ने राष्ट्रपति आदेश, 1950 को निरस्त करने की मांग को लेकर अपना आंदोलन तेज कर दिया है। इसी कड़ी में परिषद के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अड्डंकी रंजीत ओफिर, जो इंडिया प्रजा बंधु पार्टी के भी संस्थापक-अध्यक्ष हैं, उनके नेतृत्व में एक…
नई दिल्ली: जनजातीय कार्य मंत्रालय ने भारतीय जनजातीय सहकारी विपणन विकास संघ (ट्राईफेड) के माध्यम से आज ‘रिसा (आरआईएसए) – टाइमलेस ट्राइबल’ नामक एक प्रीमियम ब्रांड का अनावरण किया, जो जनजातीय वस्त्रों, कढ़ाई और हस्तशिल्पों के लिए समर्पित है। साथ ही, नई दिल्ली के कनॉट प्लेस स्थित राजीव गांधी हस्तशिल्प भवन की गैलरी संख्या 2 में विशेष “रिसा” (आरआईएसए) स्टोर का उद्घाटन किया गया। यह पहल प्रधानमंत्री के ‘विकसित भारत’ के विजन के अनुरूप है, जो भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करते हुए जनजातीय समुदायों के आर्थिक सशक्तिकरण के माध्यम से समावेशी विकास को बढ़ावा देती है। रिसा…
अंब्रेला ग्रुप (विभिन्न देशों का समूह), यूरोपीय संघ और एनवायरनमेंटल इंटीग्रिटी ग्रुप के बारे में अनुमान है कि वे अपने 2030 के ‘राष्ट्रीय स्तर पर निर्धारित योगदान’ लक्ष्यों की तुलना में 9% अधिक उत्सर्जन करेंगे। 2030 के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए यूरोपीय संघ को सालाना उत्सर्जन में कटौती की अपनी रफ्तार को लगभग चार गुना बढ़ानी होगी, जबकि अमेरिका और कनाडा को इसमें हर साल 5 से 6 प्रतिशत की तेजी लाने की जरूरत है। भारत सहित ‘बेसिक’ देश अपने वादों को पूरा करने के नजदीक। ‘बेसिक’ (BASIC) देशों ने पेरिस समझौते के बाद के समय में (2016-22)…
